गोण्डा।धनतेरस,दीपावली व भाईदूज के पर्व को देखते हुए। मिठाई कारोबार से जुड़े लोगों के लिए यह त्यौहार अहम माना गया है। क्योंकि पूरे साल में सबसे अधिक इन्हीं पर्व पर मिठाई कारोबारियों को आर्डर मिलना शुरू हो जाता है। जिसके चलते कारीगर 24 घंटे कार्य में लग गए है। क्योंकि इस दीपावली मिठाइयों की मिठास कुछ ज्यादा ही बढ़ गई है। तभी तो इस बार पिछले साल के मुकाबले इस बार कुछ ज्यादा ही आर्डर बुक किए गए। जिस कारण शहर से लेकर गांव कस्बों की बाजारों में रौनक सी छा गई। जहां देखों मिठाई की दुकानें सजधज कर तैयार है।

दीपावली के पर्व को बस चंद रोज ही बचे है। साथ ही धनतेरस व भाईदूज भी है। इन सभी को देखते हुए शहर से लेकर गांव कस्बों के बाजारों में एक से बढ़कर एक मिठाई की खेप तैयार की जा रही है। कारोबारियों को ज्यादा आर्डर मिलना इस बात का संकेत है कि मिठाई के दामों में भी कमी आई है। बताया जाता है कि जिसमें ड्राईफ्रूट वाली मिठाईयां जोकि पिछले साल की अपेक्षा ड्राईफ्रूट के दामों में गिरावट के चलते इन मिठाईयों के दामों पर भी असर पड़ा है। मिठाई से जुड़े व्यापारी काफी उत्साहित दिख रहे है। बड़े पैमाने पर मिल रहे आर्डर ये दर्शाता है कि इस बार जिले में करोड़ों रुपए की मिठाई का कारोबार होने की उम्मीद की जा रही है। बड़े पैमाने पर शहर से लेकर गांव कस्बों में मिल रहे आर्डर से कारीगर 24 घंटे काम में लगे हुए है। मिठाई महल के व्यापारी धनलाल गुप्ता ने बताया कि पिछले साल के मुकाबले इस बार आर्डर ज्यादा बुक किए गए है। दूसरी बात मिठाई के कीमतों में भी कमी आई है। क्योंकि ड्राईफ्रूट के दामों में कमी के कारण उससे बनने वाली मिठाई के दाम भी कम हुए है। इसी तरह राम तलरेजा ने बताया कि जीएसटी भी कम हुई है। इससे भी व्यापारी खुश हुआ है और सामानों के दामों में कमी आई है।


