बलरामपुर।थाना कोतवाली नगर क्षेत्र में पानी की जमीन को ‘कर्बला’ दिखाकर हड़पने की नीयत से फर्जी दस्तावेज तैयार कर उच्च न्यायालय में रिट दाखिल करने वाले आरोपी को बलरामपुर पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। आरोपी को लखनऊ से दबोचकर बलरामपुर लाया गया,जहाँ से उसे न्यायालय भेज दिया गया है।
सदर तहसील बलरामपुर के लेखपाल बच्चा राम ने थाना कोतवाली नगर में तहरीर दी थी कि सुन्नी वक्फ बोर्ड कर्बला तहफुज कमेटी बलरामपुर के सचिव सैय्यद उर्फ सईद अहमद खान ने मा० उच्च न्यायालय खण्डपीठ लखनऊ में दाखिल याचिका में खतौनी की छायाप्रति में हेराफेरी कर ‘कर्बला’ शब्द जोड़ दिया।
जबकि वास्तविक खतौनी में उस जमीन के खातेदार कॉलम में केवल ‘पानी’ दर्ज है, ‘कर्बला’ का कहीं कोई उल्लेख नहीं है।लेखपाल की शिकायत पर थाना कोतवाली नगर में दिनांक 17/18 अप्रैल 2025 की रात को आरोपी के खिलाफ मु0अ0सं0 96/25 धारा 319(2), 318(4), 338, 336(3), 340(2) बीएनएस के अंतर्गत अभियोग दर्ज कर विवेचना शुरू की गई थी।
पुलिस ने की गहन छानबीन,आरोपी लखनऊ में दबोचा गया
इस गंभीर मामले को लेकर पुलिस अधीक्षक बलरामपुर विकास कुमार ने तत्काल गिरफ्तारी के आदेश दिए।अपर पुलिस अधीक्षक विशाल पाण्डेय एवं क्षेत्राधिकारी नगर ज्योतिश्री के निकट पर्यवेक्षण में, प्रभारी निरीक्षक सुधीर कुमार सिंह थाना कोतवाली नगर की अगुवाई में पुलिस टीम गठित की गई।पुलिस ने मुखबिरों व इलेक्ट्रॉनिक सर्विलांस के माध्यम से आरोपी की लोकेशन ट्रेस की और अंततः
11 जुलाई 2025 को आरोपी को लखनऊ के थाना महानगर क्षेत्र स्थित नई बस्ती रहीम नगर से गिरफ्तार कर लिया।पूछताछ में कबूला अपराध,बोल जमीन हाथ से न निकल जाए इसलिए गिरफ्तारी के बाद पुलिस पूछताछ में सैय्यद उर्फ सईद अहमद खान पुत्र गुलाम मोहम्मद खान ने बताया कि हम मुस्लिम लोगों में आपस में चर्चा चल रही थी कि इस जमीन को किसी भी तरह कर्बला साबित कर अपने कब्जे में लिया जाए, ताकि जमीन हाथ से न निकल जाए। मैंने बतौर सचिव सुन्नी वक्फ बोर्ड कर्बला तहफुज कमेटी बलरामपुर, उच्च न्यायालय खण्डपीठ लखनऊ में याचिका दाखिल की थी। उसमें खतौनी की कूटरचित प्रति संलग्न की थी, जिसमें ‘कर्बला’ शब्द खुद से जोड़ा गया था।”
टीम ने आवश्यक विधिक औपचारिकताएं पूरी कर आरोपी को बलरामपुर लाया और न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया।
बलरामपुर पुलिस की सख्ती,जमीन माफियाओं पर कसेगा शिकंजा
पुलिस अधीक्षक विकास कुमार ने बताया कि “जनपद में किसी भी प्रकार के फर्जीवाड़े व कूटरचना के माध्यम से सरकारी या अन्य संपत्तियों को हड़पने के प्रयास को सफल नहीं होने दिया जाएगा। ऐसे मामलों में त्वरित व कठोर कार्रवाई की जाएगी।”

