कर्नलगंज,गोण्डा।तहसीलदार कर्नलगंज की कोर्ट ने तालाब की भूमि को बेदखली के आदेश के साथ नोटिस भी थमाई थी। नोटिस की अवधि बीत जाने के बाद भी तालाब की भूमि पर दबंगों का अवैध कब्जा बरकरार है। वहीं राज्स्व विभाग के अधिकारी चुप है। कारण कि अवैध कब्जेदारों का मनोबल बढ़ा हुआ हैं।
मामला कर्नलगंज तहसील क्षेत्र के ग्राम शीशामऊ का है। यहाँ के निवासी नंगा ने जिले के उच्चाधिकारियों को दिए गये शिकायती पत्र में लिखा है कि ग्राम पंचायत में स्थित गाटा सं० 712/0.049 हेक्टेयर भूमि तालाब (जलमग्न) के रूप में सरकारी अभिलेखों में दर्ज कागजात है। उक्त भूमि पर गांव के ही राजू व अय्यूब पुत्रगण इद्रीश, सफीक व शब्बीर पुत्रगण सद्दाम ने पाटकर अवैध रूप से कब्जा कर पक्का निर्माण कर लिया है। इस संवंध में 13 जनवरी को ही तहसीलदार कर्नलगंज के न्यायालय से बेदखली का आदेश भी पारित है। और कब्जेदारों को अवैध कब्जा हटाने का नोटिस भी जारी की गई थी। जिसकी अवधि बीत जाने के बावजूद तालाब की भूमि पर अवैध कब्जा बरकरार है। इस बाबत तहसीलदार कर्नलगंज मनीष कुमार वर्मा का कहना है कि अवैध अतिक्रमण कारियों को कब्जा हटाने के लिए नोटिस दी गई थी लेकिन अभी तक अतिक्रमणकारियों द्वारा स्वयं कब्जा नहीं हटाया गया है। पुलिस बल के सहयोग से राजस्व कर्मियों द्वारा कब्जा हटवाया जाएगा। वहीं एसडीएम भारत भार्गव के सीयूजी नंबर पर संपर्क किया गया तो उनका फोन नेटवर्क क्षेत्र से बाहर था।

