अयोध्या।उत्तर प्रदेशीय प्राथमिक शिक्षक संघ (संलग्न: अखिल भारतीय प्राथमिक शिक्षक संघ) ने सरकार की विद्यालय मर्जर नीति के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। जनपद अयोध्या सहित प्रदेशभर में 27 जून को धरना-प्रदर्शन और ज्ञापन सौंपने का ऐलान किया गया है।
जिला अध्यक्ष डॉ. संजय सिंह ने स्पष्ट कहा है कि “विद्यालय मर्जर किसी भी हालत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। शिक्षक हित और छात्र हित के लिए अंतिम साँस तक लड़ाई लड़ी जाएगी।” उन्होंने कहा कि यह केवल मर्जर का नहीं, विद्यालयों के अस्तित्व और गाँव के बच्चों के भविष्य की लड़ाई है।
डॉ. संजय सिंह ने बताया कि 27 जून, शुक्रवार को जनपद मुख्यालय पर हजारों शिक्षक एकत्र होकर प्रदर्शन करेंगे और जिलाधिकारी के माध्यम से मुख्यमंत्री को ज्ञापन सौंपा जाएगा। इसमें विद्यालय मर्जर नीति को अव्यवहारिक बताते हुए आदेश वापस लेने की मांग की जाएगी।
ग्राम प्रधानों और ग्रामीणों का भी समर्थन
विद्यालय मर्जर के खिलाफ केवल शिक्षक ही नहीं, गाँव के प्रधान और अभिभावक भी लामबंद हो गए हैं। ग्राम सभाओं में विरोध प्रस्ताव पारित कर मुख्यमंत्री से इस निर्णय को वापस लेने की मांग की जा रही है। शिक्षकों का कहना है कि इस निर्णय से गाँवों में शिक्षा व्यवस्था ध्वस्त हो जाएगी। गरीब और दूरदराज़ के बच्चे शिक्षा से वंचित रह जाएंगे क्योंकि संसाधनों के अभाव में वे दूर जाकर पढ़ाई नहीं कर पाएंगे।
आंदोलन की अगुवाई करेंगे ये नेता
प्रदेश अध्यक्ष विनय तिवारी और प्रदेश महामंत्री उमाशंकर सिंह के आह्वान पर जनपद अयोध्या में जिला अध्यक्ष डॉ. संजय सिंह और जिला मंत्री प्रेम वर्मा की अगुवाई में शिक्षक शक्ति प्रदर्शन करेंगे।डॉ. सिंह ने कहा कि “यदि सरकार ने आदेश वापस नहीं लिया तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा। हम लोग तब तक संघर्षरत रहेंगे जब तक मर्जर नीति वापस नहीं ली जाती।”

