मुश्ताक अहमद
गोण्डा।सदर तहसील में तैनात राजस्व कर्मी मामले को कैसे निपटाते हैं,इसका नमूना देखना हो तो विकास खंड मुजेहना की ग्राम पंचायत देवरिया अलावल आइए। ग्राम पंचायत देवरिया अलावल में गाटा संख्या 741 की जमीन आबादी भूमि में दर्ज कागजात है।

देवरिया अलावल गांव निवासी मासूम अली खान ने प्रमुख सचिव राजस्व को भेजे गए पत्र में लिखा है,कि उक्त गाटा संख्या की जमीन पर विपक्षी भू-माफिया रफीउल्लाह,कादिर,कलीम,शुकुरउल्ला उर्फ़ नीबर व सलीम निवासी देवरिया अलावल ने नवीन परती आबादी की भूमि पर जबरदस्ती दुकान का निर्माण कर लिए हैं। उक्त निर्माण हो जाने से गांव में सरकारी निर्माण कार्य में बाधा हो रही है। भू- माफियाओं द्वारा किए जा रहे अवैध कब्जे को रोकने पर दबंग भू-माफियाओं ने प्रधान को मारा पीटा। प्रधान ने धानेपुर थाने में दबंग भू-माफियाओं के खिलाफ तहरीर देकर मुकदमा पंजीकृत कराया है। ग्राम प्रधान ने प्रमुख सचिव से आबादी की जमीन को खाली करवाये जाने की मांग की है। जिससे उक्त जमीन पर पंचायत भवन बनाया जा सके। प्रधान का आरोप है कि दबंगों ने सरकारी जमीन हथिया कर दुकान का निर्माण करा लिया है।

पैमाइश के बाद भी दबंगों नहीं छोड़ा कब्जा
उक्त की जमीन की राजस्व कर्मियों द्वारा पैमाइश की जा चुकी है। हल्का लेखपाल की रिपोर्ट मानें तो दबंगों द्वारा कब्जा की गई जमीन नवीन परती है। दबंग भू-माफियाओं ने उक्त जमीन पर कब्जा ही नहीं किया बल्कि दुकान बना लिया। प्रधान ने दबंगों को सरकारी जमीन हथियाने से रोका तो दबंग भू-माफियाओं ने प्रधान को मारा-पीटा। ग्राम प्रधान ने दबंगों के आतंक की शिकायत जिलाधिकारी से लेकर प्रमुख सचिव से कर सरकारी जमीन खाली कराने की गुहार लगाई है।
क्या है प्रकरण
धानेपुर थाना क्षेत्र की ग्राम पंचायत देवरिया अलावल में आबादी और तालाब की जमीन पर दबंग भू-माफियाओं ने हथिया ली है। जिससे गांव में विवाद की स्थिति पैदा हो गई है।भू-माफियाओं ने अपनी दबंगई के बल पर सरकारी आबादी की जमीन को कब्जा लिया है।उक्त जमीन को लेकर प्रधान समेत ग्रामीण भी दबंगों के इस कृत्य का विरोध कर रहे हैं।
हूरा कै चारों कूरा
ग्रामीण इलाकों में एक कहावत प्रचलित है कि हूरा कै चारों कूरा इन दबंग भू-माफियाओं पर सटीक बैठ रही है।राजस्व विभाग की लापरवाही का नतीजा है कि गांव- गांव में सक्रिय हुए दबंग भू-माफियाओं की नजरें गांव की सरकारी बेशकीमती जमीनों पर गड़ी हैं। भू-माफियाओं की चंगुल से सरकारी जमीन को छोड़वा पाना प्रधान के बस की बात नहीं है। इनकी जड़े क्षेत्रीय सफेद पोशो तक हैं।
प्रधान की शिकायतों पर आला अधिकारी ध्यान नहीं देते
आरोप है कि जिस जमीन को भू-माफियाओं ने हथियाया है उस जमीन पर पंचायत भवन बनना था।अबतक राजस्व विभाग ने दबंग भू-माफियाओं पर कोई कार्रवाई नहीं कर पाई।

