संजय यादव
छपिया।मसकनवा कस्बा सहित ग्रामीण क्षेत्रों में अघोषित बिजली कटौती से उपभोक्ता परेशान हैं।बिजली आपूर्ति का यही हाल है।गर्मी के मौसम में कटौती अधिक बढ़ गयी है।चरमराई विद्युत व्यवस्था से उपभोक्ता और कर्मचारी दोनों को कठिनाई का सामना करना पड़ रहा है।
किसी से यदि आपूर्ति होती है तो लो वोल्टेज की समस्या और ट्रिपिंग की समस्या से लोगों को दो चार होना पड़ता है।लोगों का कहना है कि जब आपूर्ति होती है।उसी समय ट्रिपिंग की समस्या शुरू हो जाती है।कर्मचारी शटडाउन लेकर फाल्ट को सही करने में लग जाते हैं।ऐसे में कटौती के बाद मिलने वाली आपूर्ति भी बाधित हो जाती है।
विद्युत उप केंद्र मसकनवा के फीडरों से निकलने वाली लाइनो की हालत बदलने के बाद भी बद से बदतर स्थिति में है।वर्षों पुरानी जर्जर एच टी लाईनों के सहारे आपूर्ति होती है।ऐसे में विद्युत कर्मचारी किसी-किसी तरह से जुगाड़ लगा कर और जान जोखिम में डाल कर विद्युत व्यवस्था को देखते है।केन्द्र पर तैनात अधिकत्तर कर्मचारी संविदा से सम्बद्ध है।मजबूरी में उन्हे संसाधन के अभाव में भी काम करना पड़ता है।मसकनवा कस्बा सहित ग्रामीणों क्षेत्रों में लगा अधिकतर बिजली ट्रांसफार्मर ओवर लोड रहता है।इसकी सूचना उच्च अधिकारियों को दी फिर भी ट्रांसफॉर्मर नहीं ठीक कराया गया।
संतोष,श्याम बाबू,संजय वर्मा,प्रदीप,सुनील,दिलीप,सचिन,सौरभ ने बताया कि ओवर लोड होने के कारण ट्रांसफॉर्मर अक्सर खराब हो जाते हैं।अधिकारियों से शिकायत करने के बाद भी।ट्रांसफार्मर की क्षमता नहीं बढ़ाई जाती है।गर्मी में तपना पड़ रहा है।उप केंद्र पर सक्षम अधिकारी तैनात नही रहता है।एसडीओ आशीष राहुल ने बताया जितनी सप्लाई मिलती है उतनी आपूर्ति की जाती है।रोस्टिंग के समय आपूर्ति बंद रहती है।

