रियाजुद्दीन
नवाबगंज,गोंडा। जमीन के अंदर कच्चे तेल व खनिज भंडार होने की संभावना भू वैज्ञानिको द्वारा जताई जा रही है।ओएनजीसी ने इसकी पुष्टि के लिए थ्रीडी मैपिंग कराकर सेस्मिक सर्वे शुरू किया है। कच्चे तेल व खनिज भंडार की तलाश मे अल्फा जियो इंडिया लिमिटेड ने नवाबगंज के ग्राम उमरिया, होलापुर काजी, कल्यानपुर सहित एक दर्जन इलाको में जमीन के अंदर अंडर ड्रिल करने का काम शुरू किया है।

कंपनी के प्रोजेक्ट मैनेजर एंड पेट्रोलियम एडवाइजर मृत्युंजय सिंह ने बताया कि भूवैज्ञानिकों द्वारा सेटेलाइट के जरिए सभी क्षेत्रों का सर्वे किया गया था। सर्वे में मिले प्वाइंट पर प्राकृतिक गैस, पेट्रोलियम व खनिज भंडार होने की संभावना जताई गई है। कर्मियो द्वारा जमीन के अंदर 100 फिट ड्रिल करके उसके अंदर विस्फोट किया जाता है। विस्फोट में राकेट जमीन के अंदर करीब पाँच से सात किलोमीटर तक जाता है। उससे उठने वाली तरंगों मे सेंसर मशीन से सर्वे कर डाटा इकट्ठा करके परीक्षण के लिए ओएनजीसी भेजा जाएगा।

सैटेलाइट सर्वे में बताए गए पॉइंट पर कंपनी ने करीब एक दर्जन से अधिक स्थानों पर जमीन के अंदर खोदाई का काम शुरू कर दिया है। अल्फा कंपनी के कर्मचारी अम्बिका प्रसाद चौधरी ने बताया कि उनके साथ डेढ़ सौ लोग काम कर रहे हैं। सर्वे का काम 15 दिसंबर से आजमगढ़ से शुरू किया गया है। सेटेलाइट के सर्वे में मिले क्षेत्र के प्वाइंट पर ड्रिल करने के लिए जिलाधिकारी से अनुमति ले ली गई है। किसानों के खेतों में सर्वे वाली जगह पर हुए फसलों के नुकसान की भरपाई के लिए पंद्रह सौ से दो हजार रुपए दिया जा रहा है। अभी आगे भी ड्रिलिंग किया जाएगा। क्षेत्रीय लोगो में खनिज भंडार होने की संभावना की जानकारी मिलते ही खुशी पनप रही है। यदि क्षेत्र में जमीन के अंदर खनिज भंडार की संभावना हकीकत में बदलती है। तो निश्चित ही क्षेत्र की तस्वीर बदल जाएगी।

