उतरौला,बलरामपुर।निपुण भारत मिशन के अन्तर्गत फाउंडेशनल लिटरेसी एंड न्यूमरेसी (एफएलएन) तथा एनसीईआरटी पाठ्य पुस्तकों पर आधारित ब्लॉक स्तरीय पांच दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम के प्रथम बैच का शुभारंभ सोमवार को हुआ।
बीआरसी उतरौला में आयोजित प्रशिक्षण शिविर में 50 अध्यापकों ने पूरे उत्साह से हिस्सा लिया। खंड शिक्षा अधिकारी सुनीता वर्मा ने बताया कि प्रशिक्षण शिविर में अध्यापकों को हिदी और गणित के अलावा अंग्रेजी विषय को पढ़ाने का भी तरीका बताया जा रहा है। उनके मुताबिक हर सत्र की शुरुआत में अध्यापकों की एक आनलाइन पूर्व परीक्षा कराया जाता है जिसमें उन्हें पंद्रह प्रश्नों के उत्तर चार विकल्पों में से चयन करके लिखने होते हैं। प्रशिक्षण सत्र के अंतिम दिन भी अध्यापकों को एक प्रश्नपत्र दिया जाता है और उससे पता चलता है कि अध्यापकों को इस प्रशिक्षण का कितना फायदा मिल रहा है।
हर बैच में 50 की संख्या में अध्यापकों को पांच पांच दिनों का प्रशिक्षण दिया जा रहा है। खास बात यह है कि निपुण भारत में केवल भाषा, गणित और अंग्रेजी पर केंद्रित किया जा रहा है । पठन-पाठन के नए तौर तरीके सीखकर अध्यापक विद्यार्थियों को नई तरह से विषयों को पढ़ाएंगे। प्रशिक्षक विक्रम सिंह, कृष्ण कुमार, जितेंद्र कुमार श्रीवास्तव, अंकित शुक्ला व रामलाल शर्मा ने प्रथम दिन शिक्षकों को नवीन पाठ्य पुस्तक आधारित शिक्षण प्रशिक्षण का उद्देश्य एवं परिचय, एकेडमिक वर्ष 25-26 में पाठ्य पुस्तक कार्यपुस्तिका एवं अन्य शिक्षण अधिगम सामग्रियों के उपयोग की रणनीति को समझना, एनसीईआरटी आधारित नवीन पाठ पुस्तकों को समझना, पाठ्य पुस्तक आधारित कार्य पुस्तिका की समग्र समझ पठन अभ्यास एवं प्रवाह पूर्ण पठन अभ्यास को समझना, एकेडमिक वर्ष 2025- 26 के शिक्षक संदर्शिका की समग्र समझ के बारे में विस्तृत चर्चा करते हुए विस्तार पूर्वक बताया गया। शिक्षक मोहम्मद अयूब, फूलचंद, लाल मोहम्मद, क्रांति कुमार, रक्षा राम, माधुरी देवी, रामावती, उर्मिला मिश्रा, पारो, प्रकाशनी, सुधा, फारूक, पूजा, रिचा, अंजना, इरम, प्रीति, रेशू, मुशाहिद रज़ा, माजिदा, अंकिता समेत अन्य शिक्षक मौजूद रहे।

