गोंडा।जिला चिकित्सालय के सभागार में अपर जिला जज व जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव दानिश हसनैन की अध्यक्षता में महिला सशक्तिकरण और उनकी सुरक्षा के मुद्दे पर विधिक जागरुकता शिविर का आयोजन किया गया। शिविर को संबोधित करते हुए अपर जिला जज ने कहा कि जिला,प्रदेश व राष्ट्रीय स्तर पर विधिक सेवा प्राधिकरण का गठन किया गया है,जिसका उद्देश्य जरूरतमंद लोगों को विधिक सहायता प्रदान करना है।
उन्होंने कहा कि कोई भी समाज व देश महिलाओं के बिना सशक्त और समृद्ध नहीं हो सकता,इसलिए ये समय की मांग है कि महिलाओं को उनके विधिक अधिकारों की जानकारी हो जिससे वो उनके साथ होने वाले किसी भी शोषण व अपराध से अपनी सुरक्षा कर सकें। सचिव ने कहा कि सभी जागरुक महिलाओं की भी एक नागरिक के तौर पर जिम्मेदारी है कि वो अपने आसपास की महिलाओं को उनके विधिक अधिकारों के बारे में बताएं जिससे ज्यादा महिलाओं को लाभ हो सके। सीएमओ डा• रश्मि वर्मा ने अगस्त उपस्थित महिलाओं को गर्भाशय के कैंसर व के बारे में विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने कहा कि जागरुकता ही किसी भी बीमारी से बचाव का सबसे बेहतर माध्यम है। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के असिस्टेंट डिफेंस काउंसिल बृज लाल तिवारी ने महिलाओं के सशक्तिकरण से संबंधित चलायी जा रही विभिन्न सरकारी योजनाओं की जानकारी दी। उन्होंने महिला सुरक्षा से संबंधित हेल्पलाइन नंबर 1090 की विस्तृत जानकारी दी व साइबर क्राइम और डिजिटल अरेस्ट जैसी घटनाओं से सचेत रहने के लिए कहा। शिविर में डिप्टी चीफ़ एलएडीसी अनिमेष चतुर्वेदी, वन स्टाप सेंटर प्रभारी चेतना सिंह व जनपद की सभी कम्युनिटी हेल्थ आफीसर के साथ ही जिला चिकित्सालय व विधिक सेवा प्राधिकरण के कर्मचारी उपस्थित रहे।

